श्रीनगर (गढ़वाल)1दिसंबर lहेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल विश्वविद्यालय श्रीनगर के जैव प्रौद्योगिकी विभाग में कार्यरत एसोसिएट प्रोफेसर डॉ० ममता आर्य को उत्तराखंड स्टेट काउंसिल फॉर साइंस एंड टेक्नोलॉजी (यूकॉस्ट) द्वारा “यंग वुमन साइंटिस्ट अचीवमेंट अवार्ड- 2025″से सम्मानित किया गया है। इस पुरस्कार के लिए उत्तराखंड राज्य की 6 महिला वैज्ञानिकों का चयन किया गया। डॉ ममता आर्य को यह पुरस्कार डेवलेपमेंट ऑफ इनोवेटिव सॉल्यूशंस श्रेणी के अन्तर्गत दिया गया। उनका शोध कार्य गंगा नदी में हैवी मैटल प्रदूषण की जांच एवं बैक्टीरिया द्वारा इसके निवारण पर आधारित है। हैवी मैटल प्रदूषण का जलीय जंतुओं एवं मानव स्वास्थ्य पर सीधा प्रभाव पड़ता है जिसके घातक परिणाम सामने आते हैं। इस प्रकार के प्रदूषण का मुख्य कारण औद्योगिक कारखानों से निकलने वाला अपशिष्ट जल है जो हमारे पर्यावरण के लिए अत्यंत हानिकारक है। सम्मेलन में विशेषज्ञों ने उनके कार्य को औद्योगिक प्रदूषण नियंत्रण और स्वच्छ जल प्रबंधन के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण योगदान बताया। यह उपलब्धि गंगा संरक्षण के प्रयासों को भी नई दिशा देती है। डॉ० ममता आर्य की इस उपलब्धि पर गढ़वाल विश्वविद्यालय में हर्ष का वातावरण है। विश्वविद्यालय के अधिकारियों, शिक्षकों एवं छात्र छात्राओं ने उन्हें बधाई दी। सभी का कहना है कि यह सम्मान डॉ० आर्य की मेहनत और समर्पण का परिणाम है इससे विश्वविद्यालय की प्रतिष्ठा भी बढ़ी है। निश्चित ही यह उपलब्धि आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बनेगी।

